जिले में तैयार हो रहे आपदा मित्रों को अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी द्वारा सम्बोधित किया गया
उज्जैन, 5 जून । जिले में युवा आपदा मित्र योजना के तहत 07 दिवसीय प्रशिक्षण का शुभारंभ किया गया है। जिले में 800 युवा आपदा मित्र वॉलेन्टियर्स तैयार किए जा रहे हैं। गृह मंत्रालय भारत सरकार के द्वारा एनडीएमए एवं एसडीएमए के सहयोग से देश के विभिन्न राज्यों में आपदा मित्र योजना संचालित की जा रही है। इसके अंतर्गत मध्यप्रदेश के 11 जिलों को चिन्हित किया गया है। इस योजना के तहत 800 आपदा मित्रों को चिन्हित कर 07-07 दिवसीय आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण के माध्यम से 04 सत्रों में प्रशिक्षित किया जा रहा है।जिले में युवा आपदा मित्र योजना के चतुर्थ चरण में 170 आपदा मित्रों को चिन्हित कर विभिन्न आपदाओं के बारे में व्यवहारिक एवं सैद्धांतिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उज्जैन जिले में योजना के चतुर्थ सत्र की शुरुआत दिनांक 02 जून से हो चुकी है। इसके चतुर्थ दिवस पर 05 जून को अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी श्री अतेन्द्र सिंह गुर्जर मुख्य अतिथि के रूप में प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्य अतिथि का स्वागत डिस्ट्रिक्ट कमाण्डेन्ट होमगार्ड उज्जैन श्री संतोष कुमार जाट ने पुष्पगुच्छ भेंट कर किया।कार्यक्रम में आपदा मित्रों द्वारा प्रशिक्षण के संबंध में अपने अनुभव साझा किए गए। मुख्य अतिथि ने आपदा मित्रों को संबोधित करते हुए कहा कि युवा भारत की अमूल्य धरोहर है और भारत को विकसित व आपदा मुक्त बनाने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। प्रशिक्षण में बड़ी संख्या में छात्राएं भी शामिल हैं, यह आपदा से निपटने में नारी की इच्छा शक्ति को दर्शाता है। इसके पश्चात मुख्य अतिथि द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे आपदा मित्रों को आपदा प्रबंधन किट प्रदाय की गई।इस अवसर पर डिस्ट्रिक्ट कमाण्डेन्ट श्री संतोष कुमार जाट ने बताया कि आपदा मित्रों को 07 दिवस का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिसमें बाढ़, भूकंप, भू-स्खलन, मेडिकल इमरजेंसी, आगजनी सहित भगदड़ जैसी घटनाओं से बचाव का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इन्हें आगामी सिंहस्थ-28 एवं जिले की आपदाओं से निपटने के लिए मानसिक रूप से भी तैयार किया जा रहा है।
