वितरण अव्यवस्था से बढ़ी परेशानी, 300 की जगह बांटे जा रहे सिर्फ 70 टोकन
उज्जैन।
ज़िले में यूरिया की उपलब्धता पर्याप्त होने के बावजूद वितरण व्यवस्था की गड़बड़ी ने मंगलवार सुबह किसानों का धैर्य तोड़ दिया। चिमनगंज मंडी स्थित जिला विपणन विभाग के कार्यालय में यूरिया न मिलने से नाराज़ किसानों ने आगर रोड पर मंडी गेट के सामने चक्काजाम कर दिया। करीब दो घंटे तक यह स्थिति बनी रही, जिससे मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा।
किसानों का आरोप: “हम कई दिनों से परेशान, टोकन नहीं मिल रहा”
किसानों का कहना है कि तीन दिनों से उन्हें जरूरत के मुताबिक यूरिया नहीं मिल रहा। वितरण केंद्र पर तय 300 की बजाय सिर्फ 70-75 टोकन ही बांटे जा रहे हैं।
नईखेड़ी के किसान विक्रमसिंह ने बताया— “हमें 20 बोरी यूरिया चाहिए, लेकिन चार दिन से टोकन ही नहीं मिल रहा।”
मतांगना चिकली के दशरथ सिंह राठौर प्रतिदिन सुबह 5 बजे कतार में लगते हैं, पर नंबर नहीं आता।
इसी तरह ताजपुर के समद खान और पलवा के सुनील मालवीय को भी तीन दिन से टोकन नहीं मिल पाया।
किसानों को शंका है कि कम टोकन बांटने के पीछे अनियमितता और खाद को ब्लैक में बेचने की संभावना हो सकती है। किसानों का कहना है कि यदि रोज 300 टोकन दिए जाएं, तो समस्या ही नहीं रहे।
टोकन वितरण में अव्यवस्था: 300 की जगह 70 टोकन
मंडी के वितरण कार्यालय में हर दिन 300 टोकन देने का नियम है। इसी आधार पर सुबह-सुबह किसान लंबी कतारों में खड़े होते हैं। लेकिन पिछले तीन दिनों से मात्र 70-75 टोकन ही बांटे जा रहे थे।
किसानों को घंटों इंतजार के बाद भी खाली हाथ लौटना पड़ रहा था। मंगलवार को इसी नाराजगी ने जाम का रूप ले लिया।
जिले में यूरिया की स्थिति
- कुल उपलब्ध खाद: 25,860 मी. टन
- उपलब्ध यूरिया: 5,959 मी. टन
- 22 नवंबर को प्राप्त यूरिया रैक: 2,350 मी. टन (सहकारी—1,659, निजी—662 मी. टन)
- 01 अक्टूबर से 22 नवंबर तक वितरण: 37,181 मी. टन यूरिया
इतनी उपलब्धता के बावजूद किसानों को परेशानी केवल वितरण व्यवस्था की अव्यवस्था के कारण हो रही है।
पुलिस ने संभाला मोर्चा, अधिकारी पहुंचे
चक्काजाम की सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और किसानों से चर्चा की। किसानों की समस्याएं प्रभारी जिला विपणन अधिकारी एवं कृषि उपसंचालक यूएस तोमर तक पहुंचाई गईं।
यूरिया वितरण सुचारू करने और टोकन व्यवस्था सुधारने के आश्वासन के बाद किसानों ने जाम खत्म किया।
जिम्मेदारों का कहना
यूएस तोमर, उपसंचालक कृषि ने कहा—
“जिले में यूरिया पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। वितरण व्यवस्था में कुछ गड़बड़ी हुई होगी, जिसे तुरंत सुधारा जाएगा।”

