उज्जैन : मंगलवार, नवम्बर 25, 2025, ज्जैन, 25 नवंबर। बाल मृत्यु में कमी लाना शासन का प्रमुख लक्ष्य है। पांच वर्ष तक के बच्चों में सबसे अधिक मृत्यु का कारण निमोनिया संक्रमण है। जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा बताया कि निमोनिया से होने मृत्यु को कम किये जाने के लिए समय पर लक्षणों की पहचान, प्रांरभिक उपचार एवं उचित स्वास्थ्य संस्था में रेफर तथा साथ ही निमोनिया के संबंध में जागरूकता आवश्यक है। साथ ही बच्चों में समुचित पोषण स्तर को बनाये रखने के लिए समस्त संसाधन का एकीकृत प्रबंधन किया जाना है। इसी तारतम्य में भारत सरकार के दिशा-निर्देशानुसार प्रदेश में 12 नवंबर 2025 से 28 फरवरी 2026 तक SAANS (Social Awareness & Action to Neutralize Pneumonis Successfully) अभियान का आयोजन किया जा रहा है।
सांस अभियान की रणनीति
पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों में समुदाय एवं संस्था स्तर पर संभावित निमोनिया के प्रकरणों की सही समय पर पहचान, संशोधित IMNCI प्रोटाकॉल्स अनुसार उपचार एवं आवश्यकता पड़ने पर उचित संस्था में रेफरल, DSS के उपयोग को बढ़ावा। स्वास्थ्य संस्थाओं की F-IMNCI प्रोटोकॉल अनुसार तैयारी एवं रैफर प्रकरणों का प्रबंधन ।सेवा प्रदाताओं की स्थित आधारित कौशलवृद्धि।समुदाय में निमोनिया की रोकथाम, बचाव एवं उपचार के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार।समुदाय में निमोनिया के प्रति कुरीतियों एवं अंधविश्वास में कमी लाये जाने, सामाजिक जागरुकता तथा व्यवहार परिवर्तन के संबंध में जानकारी प्रदाय करना
